NEET-UG 2026 के पेपर लीक मामले में अब केंद्रीय जांच ब्यूरो का एक्शन शुरू हो गया है मंगलवार रात करीब 8 बजे CBI की एक विशेष टीम जयपुर स्थित SOG के मुख्यालय पहुंची और औपचारिक रूप से जांच की कमान अपने हाथ में ले ली है !

SOG के आईजी अजय लांबा ने देर रात पुष्टि की कि राजस्थान पुलिस ने अपनी जांच के दौरान हिरासत में लिए गए दो दर्जन से अधिक संदिग्धों को CBI के हवाले कर दिया है ये वो लोग हैं जिन्हें SOG ने राजस्थान के अलग-अलग जिलों से अपनी शुरुआती जांच के दौरान पकड़ा था सूत्रों के अनुसार, CBI आज (बुधवार को) इन संदिग्धों की औपचारिक गिरफ्तारी कर सकती है और इन्हें जयपुर की अदालत में पेश कर ट्रांजिट रिमांड की मांग की जा सकती है !
SOG सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जयपुर और हरियाणा में सक्रिय सिंडिकेट ने इस पेपर को बड़े पैमाने पर भुनाने की योजना बनाई थी संदिग्धों ने एक-एक पेपर की कॉपी 10 से 15 लाख रुपये में बेची SOG ने इन पैसों के लेन-देन के पुख्ता डिजिटल और दस्तावेजी सबूत CBI के साथ साझा कर दिए हैं !
जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि माफिया ने असली पेपर को सीधे बेचने के बजाय ‘गेस पेपर’ का नाम दिया था इस गेस पेपर में 400 से अधिक सवाल थे लेकिन उनके भीतर 3 मई की परीक्षा के बायोलॉजी के सभी 90 और केमिस्ट्री के 45 असली सवाल छिपाए गए थे सिंडिकेट ने छात्रों से कहा था कि सिर्फ इन सवालों को रट लेने से उनका काम बन जाएगा !











































